गुवाहाटी भाग-६

गुवाहाटी भाग-६

चारों तरफ़ हरियाली, उसमें से गुज़रते हुए रास्तें। यह नज़ारा है ‘मानस नॅशनल पार्क’ का। यहाँ दाखिल होने के बाद कई घण्टों तक हम इन्हीं हरे भरे रास्तों से गुज़रते रहते हैं। इन्हीं रास्तों से हम मानस नॅशनल पार्क की सैर करते हैं। काझीरंगा की तरह ‘मानस नॅशनल पार्क’ को देखने के लिए हम हाथी […]

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गुवाहाटी भाग-५

गुवाहाटी भाग-५

काझीरंगा में जिस तरह दिन भर जानवरों की चहल पहल रहती हैं, उसी तरह रात में भी यहाँ पर जानवरों की चहल पहल होती हैं। क्योंकि बाघ जैसे जानवरों का भी यह महत्त्वपूर्ण आवासस्थल है। भारत में घट रही बाघों की संख्या यह फिलहाल एक चिन्ता का मुद्दा बन गया है। ‘काझीरंगा नॅशनल पार्क’ में […]

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गुवाहाटी भाग-४

गुवाहाटी भाग-४

सुबह की ठंड़ी हवा चल रही है। दूर थोड़ा बहुत कोहरा भी दिखायी दे रहा है। उगते हुए सूरज का स्वागत करने हरे भरे पेड़ खड़े हैं। पंछी भी अपनी रात की नींद खत्म करके चहकते हुए जागने की सूचना दे रहे हैं। सूर्य भगवान तो कब के क्षितिज पर आ चुके हैं और वह […]

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गुवाहाटी भाग-३

गुवाहाटी भाग-३

असम की मशहूर चाय पीने के बाद तरोताज़ा होकर आइए चलते हैं इस शहर की सैर करने। मन्दिरों का शहर कहे जानेवाले गुवाहाटी शहर में कई मन्दिर हैं। ब्रह्मपुत्र का साथ रहनेवाले इस गुवाहाटी शहर में कुछ छोटी पहाड़ियाँ भी हैं। इस ब्रह्मपुत्र के तट पर प्राचीन समय में यह नगर बस गया और समय […]

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गुवाहाटी भाग-२

गुवाहाटी भाग-२

वैसे देखा जाये तो गुवाहाटी और ब्रह्मपुत्र का साथ काफ़ी पुराना है। प्राचीन काल में जिसे ‘प्राग्-ज्योतिषपुर’ कहा जाता था, वह गुवाहाटी शहर ब्रह्मपुत्र के दक्षिणी तट पर बसा है। इस कुदरती सुन्दरता से भरे हुए शहर को पहाड़ी श्रृंखलाओं की पार्श्‍वभूमि भी प्राप्त है। ब्रह्मपुत्र के जल से और यहाँ पर होनेवाली भारी बारिश […]

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गुवाहाटी भाग-१

गुवाहाटी भाग-१

हमारे भारत में जितने प्रदेश, उतनीही उस हर एक प्रदेश की अपनी अपनी विशेषताएँ। इसलिए हर एक प्रदेश का सफ़र करने का अपना एक अलग मज़ा है। भारत के किसी भी प्रदेश के अंतरंग में हम जैसे जैसे प्रवेश करते हैं, वैसे वैसे हमें कुछ न कुछ अनमोल खज़ाना प्राप्त होता रहता है। आइए, अब […]

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चंडीगढ़ भाग-३

चंडीगढ़ भाग-३

किसी क़तार में कई लोग खड़े हैं। हालाँकि दिखने में तो वे सभी एक जैसे ही हैं, मग़र फिर भी उनमें से कुछ की हाथों की ‘अ‍ॅक्शन’ दूसरों से थोड़ी सी अलग है। उनके पास ही थोड़ी ही दूरी पर कुछ छोटे जानवर भी इसी तरह खड़े हैं। इन्सान और जानवर एक ही क़तार में […]

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चंडीगढ़ भाग-२

चंडीगढ़ भाग-२

चंडीगढ़ शहर में दाखिल होते ही एक प्रसन्नता का एहसास होता है और इसकी वजह है, इस शहर की सुनियोजित रचना। चंडीगढ़ शहर को एक प्लान्ड सिटी का रूप देने में जिन आर्किटेक्टस् और प्लानर्स का योगदान रहा है, उनका परिचय गत लेख में ही हमें हो चुका है। इनके साथ ही कई भारतीय आर्किटेक्टस्, […]

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चंडीगढ़ भाग-१

चंडीगढ़ भाग-१

चंद चार–पाँच दिन पहले की ही बात है। दुनिया की आबादी ७ अरब हो गयी। देखते देखते पृथ्वी पर स्थित मानवों की संख्या इतनी बढ़ गयी। अब सात अरब आबादीवाली इस पृथ्वी पर बीच के इन चार–पाँच दिनों में यह आँकड़ा और भी बढ़ चुका होगा। इस पृथ्वी पर इन्सानों ने अपनी ज़रूरतों के अनुसार […]

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रामेश्‍वर भाग-५

रामेश्‍वर भाग-५

धनुष्कोडी से रामेश्‍वर की वापसी की यात्रा में सागर पुनः हमारे साथ रहता है। इस भूमि को सागर का साहचर्य इस क़दर मिला है कि जहाँ नज़र दौडायेंगे, वहाँ सागर की नीलिमा आँखों को सुकून देती रहती है। समुद्र के पेट में भी एक अनोखी दुनिया बसी हुई है। आधुनिक तकनीक के कारण हम सागर […]

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