अमरिका ईरान को परमाणु सज्ज नहीं होने देगा – अमरिका के विदेश मंत्री माईक पॉम्पिओ का आश्वासन

वॉशिंग्टन: ‘अमरिका ईरान को परमाणु सज्ज नहीं होने देगा। संवर्धित युरेनियम की मात्रा बढाने की ईरान की योजना पर अमरिका की कड़ी नजर है। ईरान ने उस दिशा में कदम उठाया तो अमरिका का प्रत्युत्तर क्या होगा इसका ईरान को एहसास है। ईरान के सर्वोच्च नेता आयातुल्ला खामेनी ने पश्चिमी देशों के साथ किए गए परमाणु अनुबंध से पीछे हटकर संवर्धित युरेनियम की मात्रा बढाने की घोषणा की थी। उस पर अमरिकी विदेश मंत्री ने ईरान को चेतावनी दी है।

चार दिनों पहले ईरान के सर्वोच्च नेताओं ने पश्चिमी देशों के साथ किए गए परमाणु अनुबंध की आलोचना की थी। अमरिका के पीछे हटने के बाद भी पश्चिमी देश परमाणु अनुबंध के बारे में निर्णय नहीं ले रहे हैं, इसलिए ईरान इस परमाणु अनुबंध पर बहिष्कार डालकर युरेनियम संवर्धन की रफ़्तार बढाए, ऐसे आदेश खामेनी ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम से संबंधित अधिकारियों को और वैज्ञानिकों को दिए थे। उनके इस आदेश के बाद ईरान के ‘नातान्झ’ इस परमाणु परियोजना में गतिविधियाँ शुरू हुईं हैं, ऐसा कहा जाता है।

ईरान, परमाणु सज्ज नहीं, विदेश मंत्री, माईक पॉम्पिओ, आश्वासन, अमरिका, युरेनियमईरान के परमाणु कार्यक्रम के प्रमुख ‘अली अकबर सालेही’ ने इस विषय में दी हुई जानकारी में, नातान्झ परमाणु परियोजना में इसका काम शुरू किया है, ऐसा कहा है। अद्ययावत सेंट्रीफ्युजेस के निर्माण के लिए नातान्झ परमाणु परियोजना में तुरंत बदलाव किए जा रहे हैं और एक महीने में यह काम पूरा होगा, ऐसा भी सालेही ने कहा है। उसीके साथ ही इस महीने में नए सेंट्रीफ्युजेस का काम भी पूरा होगा, ऐसा दावा सालेही ने ईरान के सरकारी न्यूज़ चैनल के साथ बोलते समय किया है। साथ ही २०१५ में पश्चिमी देशों के साथ परमाणु अनुबंध होने से पहले ही सेंट्रीफ्युजेस पर काम शुरू हुआ था, ऐसा कहकर सालेही ने परमाणु अनुबंध की सफलता-असफलता के साथ इसका संबंध नहीं है ऐसा कह डाला है।

नातान्झ योजना की इन गतिविधियों को ध्यान में रखकर अमरिकी विदेश मंत्री ने ईरान को चेतावनी दी है। ईरान परमाणु सज्ज नहीं होने होगा, इसके लिए अमरिका कार्रवाई कर सकता है, इसकी पॉम्पिओ ने याद दिलाई है। ‘ईरान अपनी साधन संपत्ति का गलत दिशा में इस्तेमाल कर रहा है, इसका यह और एक उदहारण है’, ऐसा कहकर पॉम्पिओ ने ईरान बेधड़क परमाणु कार्यक्रम कार्यान्वित कर रहा है, यह बात अंतर्राष्ट्रीय समुदाय की नजर में लाई है। उसीके साथ ही ईरान की राजवट की इस गैर जिम्मेदाराना भूमिका से परेशान होकर आने वाले समय में ईरान से ही प्रदर्शन हुए तो आश्चर्य नहीं होना चाहिए, ऐसी चेतावनी भी अमरिकी विदेश मंत्री ने दी है।

दौरान, मई महीने में ईरान के परमाणु अनुबंध से पीछे हटने के बाद अमरिका ने ईरान पर आर्थिक प्रतिबन्ध लगाए हैं। इस प्रतिबंधों के बाद भी परमाणु कार्यक्रम जारी रखा तो ईरान को अगली कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा, ऐसी चेतावनी अमरिका ने दी थी।