एबोला की महामारी में ४१० लोगों की बलि – ‘डीआर कांगो’ के पडोसी देशों में भी महामारी फैलने का ‘डब्ल्यूएचओ’ को डर

Third World Warकिंशासा: अफ्रीका में डीआर कॉंगो में एबोला की महामारी प्रतिदिन अधिक भयानक रूप धारण कर रही है और इसके बली लोगों की संख्या ४१० पर गई है| एबोला कि यह महामारी लगभग ६ महीने कायम रहने का डर व्यक्त किया जा रहा है और डीआर कॉंगो के पड़ोसी देशों में यह महामारी फैल सकती है, ऐसी चेतावनी जागतिक आरोग्य संघटना ने दी है|

पिछले वर्ष अगस्त महीने में डीआर कॉंगो में एबोला की महामारी उजागर हुई थी| उसके बाद सरकार के साथ जागतिक आरोग्य संघटना एवं स्वयंसेवी संस्थाओं ने व्यापक मुहिम कार्यान्वित की फिर भी महामारी अबतक नियंत्रण में नहीं आयी है| देश के पूर्वी भाग में महामारी का बहुत बड़ा प्रभाव होकर उस भाग में पिछले कई महीने जोरदार संघर्ष शुरू है| जिसकी वजह से कई महीने जोरदार संघर्ष शुरू हुआ है| इसकी वजह से महामारी नियंत्रित करना संभव ना होने का दावा स्थानीय यंत्रणा एवं स्वयंसेवी संस्थाओं ने किया है|

एबोला, महामारी, ४१० लोगों, बलि, डीआर कांगो, पडोसी देशों, महामारी फैलने, डब्ल्यूएचओ, डरकाउंसिल ऑन फॉरेन रिलेशंस इस अभ्यास गट के विश्‍लेषक एवं तज्ञ लौरी गैरेट ने डीआर कॉंगो में एबोला के महामारी पर तीव्र चिंता व्यक्त करते हुए, अचानक हवा से आने वाले महामारी में बलि जाने वाले लोगों की संख्या बढ़ने की तरफ ध्यान केंद्रित किया है| नॉर्थ कीवू प्रांत में एबोला कि बाधा होने वालों की संख्या बढ़ रही है| फिर भी इस बढ़ते महामारी के पीछे ठोस कारण देना संभव नहीं है ऐसा गैरेट ने सूचित किया है| उसपर आए हुए महामारी में बाधा होनेवाले लोगों की तथा बली महिलाओं का प्रमाण, यह महामारी अलग मोड़ देने वाली होने का दावा उन्होंने किया है|

पिछले ५ महीनों से एबोला की व्याप्ति बढ़ रही है और बाधा होनेवाले लोगों की संख्या लगभग ६७० तक गई है| पर डीआर कॉंगो में शुरू संघर्ष और अराजक सदृश परिस्थिति की वजह से अनेक लोग परीक्षण के लिए सामने न आने से यह संख्या बड़े तादात में बढ़ सकती है, ऐसा माना जा रहा है| जागतिक आरोग्य संघटना ने एबोला की महामारी युगांडा, रवांडा एवं साउथ सुदान जैसे देशों में फैलने का खतरा व्यक्त किया है| एबोला कि महामारी आने वाले ६ महीने में कायम रहने का खतरा होकर इस कालखंड में बाधा होनेवाले लोगों की संख्या दुगनी हो सकती है, ऐसा डर व्यक्त किया जा रहा है|

अगस्त महीने में शुरू महामारी डीआर कॉंगो में आनेवाले एबोला के दसवीं महामारी है| सबसे पहली बार १९७६ वर्ष में इस देश को एबोला के महामारी का झटका लगा था|