सायबरक्षेत्र के ख़तरों का सामना करने के लिए अमरीका-इस्रायल एकसाथ

तेल अविव, दि. २७: ‘सायबरक्षेत्र यह ९/११ आतंकी हमले के बाद की सबसे बड़ी सामरिक चुनौती है’, ऐसा कहते हुए अमरीका ने, इस क्षेत्र के खतरों का सामना करने के लिए इस्रायल के साथ मिलजुलकर काम शुरू करने की घोषणा की| इस्रायल के तेल अविव शहर में सायबर सुरक्षा को लेकर परिषद आयोजित की होकर, उसमें हिस्सा लेने के लिए अमरीका का उच्चस्तरीय प्रतिनिधीमंडल इस्रायल में दाखल हुआ है| इस प्रतिनिधीमंडल ने इस्रायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेत्यानाहू से भेंट करते हुए अमरीका-इस्रायल के सायबर सहयोग की घोषणा की|

सायबरक्षेत्र

अमरीका के राष्ट्राध्यक्ष डोनाल्ड ट्रम्प के, अंतर्गत रक्षा और आतंकवादविरोधी विभाग के सलाहकार थॉमस बोसर्ट इस अमरिकी प्रतिनिधीमंडल के प्रमुख होकर, उन्होंने दोनो देशों के बीच के सायबर सहयोग की जानकारी दी| ‘अमरीका और इस्रायल के बीच में द्विपक्षीय सायबर कार्यकारी गुट स्थापन हो रहा है| दोनो देशों की मूलभूत सुविधाओं पर सायबरहमलें करनवाले हॅकर्स को ढूँढ निकालना और इन हमलों से सायबरयंत्रणा सुरक्षित रखना, यही इस गुट का प्रमुख हेतु है’, ऐसे बोसर्ट ने कहा है|

अमरीका के व्हाईट हाऊस के ‘सायबरसिक्युरिटी कोऑर्डिनेटर’ के पद पर रहे रॉब राईस गुट का नेतृत्व कर रहे हैं| इस्रायल की ओर से इस्रायल के ‘नॅशनल सायबरसिक्युरिटी डिरेक्टरेट’ के प्रमुख एव्हिएटर मटानिया ज़िम्मेदारी संभालनेवाले है| दोनो देशों के रक्षा, विदेश, न्याय और खुफिया विभाग के अधिकारी गुट के सदस्य रहेंगे, ऐसी जानकारी अमरिकी अधिकारी ने दी|

‘इस्रायल के पास सायबरक्षेत्र की समस्याओं का हल निकालने की ताकत है| सायबर सुरक्षा के लिए नये विकल्पों की खोज कर, उनके परीक्षण कर बाद में अमरीका में उनका इस्तेमाल किया जायेगा| सायबर सुरक्षा और सायबरक्षेत्र में पलटवार करने की क्षमता ये दोनो घटक ही इस वक्त बहुत महत्त्वपूर्ण साबित हुए है’, ऐसे अमरीका के वरिष्ठ अधिकारी बोसर्ट ने कहा| सायबरक्षेत्र की समस्याओं पर अलग सी नीति अपनाने की ज़रूरत होकर, उसके लिए अमरीका समान मूल्य रखनेवाले साझेदारों के साथ द्विपक्षीय सहयोग पर ज़ोर दे रही है, यह भी उन्होंने आगे स्पष्ट किया|

तेल अविव में हुए ‘सायबर वीक २०१७’ परिषद में, इस्रायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेत्यानाहू ने सायबर सुरक्षा के मुद्दे पर अपनी भूमिका स्पष्ट कर दी| ‘इस्रायल की तकनिकी और सायबर सुरक्षा क्षेत्र का नेतृत्व आंतर्राष्ट्रीय स्तर पर नये दरवाज़ें खोल रहे हैं| किसी ज़माने में ‘मैं इस्रायल से हूँ’ यह कहना नकारात्मक माना जा रहा था| लेकिन अब सायबर सुरक्षा और अन्य प्रगत तकनिकी का विचार करते हुए, इस्रायली होना अच्छी बात साबित हो रही है| ‘मैं इस्रायली कंपनी में हूँ’ यह बात फ़ायदेमंद साबित हो रही है’, इन बयानों में प्रधानमंत्री नेत्यानाहू ने सायबर क्षेत्र में इस्त्रायल के प्रभाव का एहसास कराके दिया|

इससे पहले ईरान के परमाणुकार्यक्रम को रोकनेवाला ‘स्टक्सनेट’ का सायबरहमला अमरीका और इस्रायल के यंत्रणा ने मिलजुलकर किया था, ऐसा दावा किया जाता है|