‘यूएई’ में अमरिकी ‘एफ-३५’ विमान तैनात

तृतीय महायुद्ध, परमाणु सज्ज, रशिया, ब्रिटन, प्रत्युत्तरबैरूत – दुनिया में सबसे आधुनिक कही जा रही अमरिका की बहुउद्देशीय स्टेल्थ लडाकू ‘एफ-३५ए’ विमान संयुक्त अरब अमिराती (यूएई) में तैनात की गई है| राजधानी अबू धाबी के ‘अल धाफरा’ हवाई अड्डे पर इन विमानों की तैनाती हुई है और अमरिका एवं यूएई में हुए रक्षा समझौते के तहेत इन विमानों की तैनाती करने का दावा अमरिकी वायुसेना ने किया है| इसके पहले अमरिका ने ‘एफ-३५ ए’ विमान इस्रायल को दिए है और यूएई में इन विमानों का बेडा तैनात करके अमरिका ने ईरान को चेतावनी देने का दावा लष्करी विश्‍लेषक कर रहे है|

‘एफ३५-ए’ यह दुनिया में सबसे महंगा बहुउद्देशीय विमान के तौर पर पहचाना जाता है| इस एक विमान की किमत नौ करोड डॉलर्स है| अत्याधुनिक राडार यंत्रणा को चकमा देने की क्षमता यह पाचवे पीढी का विमान रखता है और अतिप्रगत मिसाइलों से यह विमान सज्जित है| यह विमान हवा से जमीन पर हमला करने के साथ आकाश में ‘डॉग फाईट’ यानी युद्ध करने की भी क्षमता रखता है| वर्तमान में इलेक्ट्रॉनिक युद्ध में भी यह विमान प्रभावी साबित होगा, यह दावा अमरिकी विश्‍लेषक कर रहे है|

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रशिया, चीन या अन्य किसी भी देश की वायुसेना के बेडे में मौजूद लडाकू विमान की तुलना में ‘एफ-३५ए’ विमान को अतिप्रगत सेन्सर्स लगाए गए है और इस वजह से सबसे अधिक जानकारी इकठ्ठा करना मुमकिन है, यह दावा इस विमान का निर्माण करनेवाले ‘लॉकहिड मार्टिन’ इस कंपनी ने किया है| वर्तमान में ‘एफ३५-ए’ यह दुनिया में सबसे प्रगत और स्टेल्थ बहुउद्देशीय विमान है और अमरिका इस विमान पर ‘लेजर’ तैनात करने की तैयारी कर रही है| इस वजह से आनेवाले समय में यह विमान सबसे अधिक घातक साबित होंगे, यह दावा लष्करी विश्‍लेषक कर रहे है|

अबतक अमरिका ने ब्रिटेन और जापान इन मित्रदेशों में ही ‘एफ-३५ए’ की तैनाती की है| वही, इस्रायल के लिए भी ‘एफ-३५ए’ विमानों की आपुर्ति की गई है| अमरिका ने तुर्की को भी यह विमान देने के लिए गतिविधियां शुरू की थी| लेकिन, तुर्कीने रशिया के साथ ‘एस-४००’ इस प्रगत हवाई सुरक्षा यंत्रणा की खरीद के लिए समझौता करने के बाद अमरिका ने तुर्की को यह विमान देने से इन्कार किया था| तुर्की अब रशिया के साथ हो रहे सहयोग से पीछे हटने को तैयार है तो ही हम ‘एफ-३५ए’ विमान तुर्की को दे सकेंगे, ऐसा अमरिका ने कहा है|

इन गतिविधियों में यूएई में अमरिका के ‘एफ-३५ए’ विमानों के बेडे की तैनाती अहम साबित होगी| इन विमानों की यूएई में तैनाती करके अमरिका ने पर्शियन खाडी की सुरक्षा के लिए खतरा बनाने की धमकी दे रहे ईरान को ‘समझ’ दी है, यह दिखाई दे रहा है|