समय की करवट (भाग २) – ‘इंडिया’ या ‘भारत’?

समय की करवट (भाग २) – ‘इंडिया’ या ‘भारत’?

….तो समय करवट बदल रहा है! खूब….बहुत खूब! इस सारे घटनाक्रम में डेढ़सौ वर्ष की गुलामी और पच्चास-साठ वर्ष की गरीबी सहन करनेवाला भारत, समय की करवट के नीचे से मुक्त होते हुए दिखायी दे रहा है। यह हुई ‘मॅक्रो लेव्हल’। लेकिन ‘मायक्रो लेव्हल’ का क्या? जैसे कहावत है – ‘दूर के ढोल सुहावने’ (‘दुरून […]

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समय की करवट (भाग १)

समय की करवट (भाग १)

नींद में हम कई बार करवटें बदलते हैं। कई बार किसी कारणवश यदि नींद न आ रही हो, तो करवटें बदलते हुए सारी रात निकल जाती है, मगर नींद तो आती ही नहीं। इसी पर आधारित एक वाक्प्रचार भी हमने कई बार कथाओं-उपन्यासों में पढ़ा होगा – ‘समय ने करवट बदली’। समाजजीवन में, वैश्विक/राष्ट्रीय स्तर […]

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