‘साऊथ चाइना सी’ में दो अमरिकी युद्धपोतों ने की गश्त

तृतीय महायुद्ध, परमाणु सज्ज, रशिया, ब्रिटन, प्रत्युत्तरवॉशिंगटन/बीजिंग – मिसाइल विरोधी यंत्रणा से तैयार दो अमरिकी युद्धपोतों ने ‘साउथ चाइना सी’ में चीन ने निर्माण किए द्विपों से नजदिकी क्षेत्र में गश्त की है| समुद्री यातायात की आजादी के अधिकारों के तहत अमरिकी युद्धपोतों ने यह गश्त पूरी की है, ऐसी जानकारी अमरिकी नौसेना ने दी| वही, अमरिकी युद्धपोतों की इस गश्ती पर चीन ने क्रोध जताया है|

अमरिका की इन दोनों युद्धपोतों ने चीन दावा जता रहे ‘स्प्रार्टले’ द्विप समुहों से सीफ १२ मील दूरी से सफर करने की जानकारी अमरिका के सातवे आरमार के प्रवक्ता ‘कमांडर क्ले डॉस’ इन्होंने दी| अंतरराष्ट्रीय नियमों के दायरे में रहकर अमरिका ‘साउथ चाइना सी’ में हवाई और समुद्री गश्त कर रही है, ऐसा कमांडर डॉस इन्होंने कहा है| ‘साउथ चाइना सी’ और अन्य अंतरराष्ट्रीय समुद्री क्षेत्र के लिए अलग नियम नही है, यह कहकर कमांडर डॉस इन्होंने इस समुद्री क्षेत्रपर चीन से हो रहे दावे ठुकराए|

स्प्रार्टले द्विपों के ‘मिसचिफ रिफ’ इस द्विप के निकट से अमरिकी युद्धपोत ने गश्त करने से चीन ने जोरदार आलोचना की है| इस संपूर्ण समुद्री क्षेत्र पर चीन का अधिकार होते हुए भी अमरिकी युद्धपोतों ने चीन की अनुमति के बिना इस क्षेत्र से सफर किया है, ऐसा आरोप चीन के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता हुआ चुनयिंग इन्होंने किया|

इस वर्ष अमरिकी युद्धपोतों ने ‘साउथ चाइना सी’ में सफर करने की यह दुसरी घटना है| महीने पहले ‘यूएसएस मॅक्कैम्बेल’ इन विध्वंसक ने ‘पैरासेल’ द्विपों से नजदिकी क्षेत्र में गश्त की थी| इस गश्त के बाद चीन ने अमरिका पर घुसपैठ करने का आरोप करके वहां की द्विपों पर युद्धपोत विरोध मिसाइल तैनात किए है| साथ ही ‘डॉंगफेंग-२७’ यह विमान वाहक युद्धपोत विरोधी मिसाइल भी तैनात करने के समाचार चीन ने प्रसिद्ध किए थे|

इस दौरान, व्यापार युद्ध, शस्त्रस्पर्धा इन मुद्दों पर पहले ही अमरिका और चीन के संबंधों में तनाव बढा है|

चीन को चुनौती देने के लिए बिटेन विमान वाहक युद्धपोत रवाना करेगा

लंदन – अमरिका और चीन के बीच ‘साउथ चाइना सी’ से जुडे बने विवाद में अब ब्रिटेन भी उतरा है| ब्रिटेन की ‘एचएमएम क्विन एलिजाबेथ’ यह विमान वाहक युद्धपोत जल्द ही ‘साउथ चाइना सी’ में गश्त करने के लिए रवाना हो रही है|

ब्रिटेन की १२ प्रतिशत माल ढुंलाई ‘साउथ चाइना सी’ की समुद्री क्षेत्र से होती है| इस वजह से इस समुद्री क्षेत्र की अहमियत रेखांकित करके ब्रिटेन ने रक्षा मंत्री गैविन विल्यम्सन जल्द ही ‘एचएमएस एलिजाबेथ’ की तैनाती का ऐलान करेंगे, यह जानकारी रक्षा मंत्रालय के सूत्रों ने दी है| पिछले वर्ष सितंबर महीने में भी ब्रिटेन के विध्वंसक ने इस समुद्री क्षेत्र में गश्त की थी| इस पर चीनने आपत्ति भी जताई थी|

इस दौरान साउथ चाइना सी में तनाव बढ रहा है और ऐसे में ही ब्रिटेन की युद्धपोत की साथ करने के लिए ऑस्ट्रेलिया भी अपनी विध्वंसक रवाना करेग, ऐसा निवेदन ब्रिटेन ने ऑस्ट्रेलिया के सामने रखा है|