जम्मू कश्मीर के लिए ९ नए बटालियन निर्माण होंगे – केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह की घोषणा

कुपवाडा – जम्मू कश्मीर में पाकिस्तान से लगातार शुरू गोलीबारी की पृष्ठभूमि पर सीमाभाग में ९ नए बटालियन तैनात करने की घोषणा केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने की है। इनमें दो बटालियन में सीमा भाग के स्थानीय नौजवान भर्ती किए जाएंगे, ऐसा राजनाथ सिंह ने घोषित किया है।

बटालियन

जम्मू कश्मीर के २ दिनों के दौरे पर होनेवाली केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने शुक्रवार को सीमाभाग का दौरा किया। कुपवाडा और आर.एस पुरा में सीमा भाग को भेंट देने के बाद केंद्रीय गृहमंत्री ने स्थानीय प्रतिनिधिमंडल से चर्चा की है। पाकिस्तान की गोलीबारी की वजह से सीमा भाग के लोगों को पिछले वर्ष से दूसरे कई जगहों पर स्थानांतरित किया है। ऐसे समुदाय के प्रतिनिधि ने भी राजनाथ सिंह से मुलाकात की है। इससे पहले जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक बैठक संपन्न हुई है। जम्मू के पत्रकारों से संवाद करते हुए जम्मू कश्मीर के लिए ९ नए बटालियन निर्माण करने का निर्णय लिया गया है, ऐसा केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने घोषित किया है।

९ बटालियन में से दो बटालियन इस सीमाभाग में तैनात किए जाने वाले हैं तथा इस दो बटालियन में अंतरराष्ट्रीय सीमा और नियंत्रण रेखा के १० किलोमीटर क्षेत्र के नौजवानों को प्राथमिकता दी जाएगी। स्थानीय नौजवानों की भर्ती करके निर्माण होनेवाले २ बटालियन के नाम भी बॉर्डर बटालियन रखने की बात निश्चित होने की जानकारी केंद्रीय गृहमंत्री ने दी है।

जम्मू कश्मीर की सुरक्षा व्यवस्था अधिक सक्षम हो इसके लिए अनेक उपाय किए जा रहे हैं। पाकिस्तान से लगातार शुरू गोलीबारी के पृष्ठभूमि पर नए बटालियन का निर्माण करने का निर्णय लेने की बात केंद्रीय गृहमंत्री ने स्पष्ट की है।

इसके सिवा ५ बटालियन यह रिजर्व बटालियन होंगे। इन पांच नए इंडियन रिजर्व (आईआर) बटालियन स्थानीय लोगों को प्राथमिकता दी जाएगी।

इनमें भी ६० प्रतिशत इतनी बड़ी तादाद में स्थानीय लोगों को भर्ती करने के निर्देश दिए जाने की बात राजनाथ सिंह ने कही है। इसके सिवाय दो महिला बटालियन भी निर्माण होने वाली है। जिनमें स्थानीय महिलाओं को स्थान मिलेगा। इस निर्णय की वजह से लगभग ७००० स्थानीय लोगों को रक्षादल में रोजगार मिलने वाला है, ऐसा स्पष्ट किया जा रहा है।

दौरान पाकिस्तान से किए जानेवाले गोलीबारी की सीमा पर गांव में निष्पाप नागरिकों की जान जा रही है तथा अनेक लोग जख्मी हो रहे हैं। इससे पहले पाकिस्तान से होनेवाले गोलीबारी में बलि गए और जख्मी हुए परिवारों को ७५००० से १ लाख रुपये की मदद दी गई थी।

तथा यह सहायता निधी ३ वर्षों के लिए बैंक में जमा की जा रही थी। पर अब दिए जानेवाली मदद की रकम बढ़ाकर ५ लाख की गई है तथा ३ वर्ष तक बैंक में रखने की शर्त भी निकालने का निर्णय किया गया है, ऐसा राजनाथ सिंह ने स्पष्ट किया है।

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